जो इंसान अपनी आत्मा में रमण करते हैं!!उनके लिए कोई धार्मिक कार्य लागू ही नहीं होता!कृष्ण जी#नितिनजी
🙏 आत्मा में रमण कैसे करें? | श्रीमद्भगवद्गीता अध्याय 3 श्लोक 17 | पूज्य नितिन साहिब जी महाराज 🙏 भगवद्गीता के अध्याय 3 के श्लोक 17 में भगवान श्रीकृष्ण आत्मा में स्थित रहने वाले ज्ञानी पुरुष की अवस्था का वर्णन करते हैं। श्लोक 17: यस्त्वात्मरतिरेव स्यादात्मतृप्तश्च मानवः । आत्मन्येव च सन्तुष्टस्तस्य कार्यं न विद्यते ॥17॥ भावार्थ: जो मनुष्य आत्मा में ही रमण करता है, आत्मा में ही तृप्त है और आत्मा में ही संतुष्ट है, उसके लिए संसार में कोई कर्तव्य शेष नहीं रहता। वह अपने वास्तविक स्वरूप को जानकर पूर्ण शांति और संतोष प्राप्त कर लेता है। इस सत्संग में पूज्य नितिन साहिब जी महाराज आत्मा में रमण करने की वास्तविक विधि, आत्मज्ञान का महत्व तथा श्रीकृष्ण के इस दिव्य संदेश का गूढ़ रहस्य समझा रहे हैं। ✨ इस वीडियो में जानें: ✔ आत्मा में रमण का वास्तविक अर्थ ✔ आत्मतृप्ति और आत्मसंतोष क्या है? ✔ श्रीकृष्ण के अनुसार आत्मज्ञानी की पहचान ✔ आत्मज्ञान से जीवन में शांति और आनंद कैसे प्राप्त करें? 📌 वीडियो पसंद आए तो Like, Share और Channel Subscribe अवश्य करें। #BhagavadGita #GeetaChapter3 #Shlok17 #NitinSahibJiMaharaj #AtmaGyan #KrishnaVani #SpiritualKnowledge #Satsang #BhagwatGeeta #SelfRealization #आत्मज्ञान #भगवद्गीता #नितिनसाहिबजीमहाराज #कृष्णवाणी #सत्संग

परमात्मा कैसे मिलेगा? सिमरन से या पूजा-पाठ से?क्या केवल सिमरन से मिल सकता है परमात्मा?#nitinsahib

🙏 माटी का संसार छोड़, नाम रतन का जतन कर | कबीर साहिब #satguru nitin Sahib ji Maharaj #live

गीता का वो अद्भुत ज्ञान जो आपकी ज़िन्दगी बदल देगा | #bhagavadgita #krishna

कर्म करते हुए भी अकरता कैसे रह सकते हैं माया में रहते हुए भी माया से दूर कैसे रह सकते हैं आओ जानें।

तूम्हारा जीवन ही संका मैं है केसे सच मानूं या झूठ #नितिनसाहेबसत्संग

ये जन्म बारम्बार ना मिले!! यहां से निकलने का ठिकाना कर ले रे बन्दे, बाद में पछताने से कुछ नहीं होगा!

सूक्ष्म से भी सूक्ष्म भेद को कैसे जाना जाता हैं,निशाना कोई मारे संत सुजान,लाखों में कोई कोई समझता है

ऐजी ऐजी मैं सार शब्द है पाया ना कहीं गया ना आया जानें कैसे सतगुरु नितिन साहिब जी द्वारा।

लेकिन उस आतमा को जाने तो जाने कैसे विडियो पुरा सुनेगे तो आपको पूणे रोमाचक जानकारी प्राप्त होगी |

🔥😱 पति-पत्नी का रिश्ता भगवान क्यों बनाते हैं? सच्चाई जानकर हैरान हो जाओगे! 😳🙏|| LUCKY VEDANT STORIES

सच्चे नाम का भेद क्या है? | सार शब्द का असली ज्ञान | नितिन साहिब जी महाराज का Powerful सत्संग

संका स्माधान #नितिनसाहेबसत्संग

ध्यान कहां लगाना है, सिमरन कैसे करना है|| वो कौन सा अबोल, शब्द जिस को जपा नहीं जा सकता, भेद जानो

👉 कस्तूरी कुंडल बसे, मृग ढूंढे बन माहिं।ऐसे घट-घट राम हैं, दुनिया देखे नाहिं॥ #satsng Nitin Sahib ji

10 immortal hymns of Sehjo Bai ji that give peace to the mind | Sehjo Bai Bhajan | By Kahat Kabir...

इस 55 मिनट के वीडियो को पूरा सुन लिया उसको सार शब्द पूछने की जरूरत नहीं रह जायेंगी।

तीर्थ व्रत मैं ना करूँ, ना देवों की पूजा 🌼🙏 सतगुरु बिना मेरा कोई और न दूजा 🙏#जय सतनाम #नितिन साहिब

सार शब्द का असली ज्ञान,आत्मा में ही परमात्मा मिलेगा! भेदी गुरू बताते है!काल के जाल से बचा जा सकता है

अहमदाबाद सत्संग|लूट सके तो लूट ले,राम नाम की लूट।पाछे फिर पछ्ताओगे,प्राण जाहि जब छूट#नितिनसाहिब

