मेलागीत थनवें पे सइयां अइलैं गईलैं हेराय हो | स्वर - दुर्गेश उपाध्याय | रचना - जितेंद्र नाथ सिंह जीत
मेलागीत थनवें पे सैयां अइलैं गईलैं हेराय हो, बतावे कोई, कइसे कहाँ, रपट लिखाय हो। पहिले-पहिल अइलैं गऊवां से बहरा, चिन्ही न पावैं चकरोड चरडहरा, सीधवा के राखैला सभै धकियाय हो। ©® रचनाकार: श्री जितेंद्र नाथ सिंह 'जीत' धुन : DrVijay Kapoor, काशी (गुरुजी) प्रिय के गाँव आने और फिर कहीं खो जाने का यह प्रसंग ग्रामीण जीवन की सजीव झांकी प्रस्तुत करता है। गायक (या गायिका) भावुक होकर कहती है — ‘‘प्रिय जन थाने तक आए थे, मगर अब कहीं खो गए हैं। कोई बताए कि किसे जाकर रिपोर्ट दर्ज करूँ, कहाँ अपनी शिकायत कहूँ? गाँव से बाहर पहली बार निकले थे, तो पगडंडियों और कच्चे रास्तों को पहचान नहीं पाए। #music #bhojpuri #folklore #traditional #FolkTradition #bhojpurimood #emotion #folk #culture

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विवाह गीत - अपने अपन करीं केतनी बखान हो | पं. हरिराम द्विवेदी | दुर्गेश उपाध्याय | विकास मौर्य

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पूर्वी - अमवां की बारिया में बोले कोइलरिया | जितेंद्र नाथ सिंह 'जीत' | दुर्गेश उपाध्याय | गुरु दयाल

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I will never fry potatoes again! My family loves this recipe!

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माटी में मिलल जाता चढ़ल जवनिया | पूर्वी छपरहिया | Folk of Bihar | कल्पना पटवारी भारतीय लोक गायिका

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Bidesiya - Paramparik Bhojpuri Dhun | ऊँच ही घरवा देखि बियहल हो बाबा | दुर्गेश उपाध्याय

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चईती - एही ठईयां मोतिया हेरा गईलीं रामा | स्वर : दुर्गेश उपाध्याय

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पूर्वीगीत - Purvi Lokgeet | Rani Thakur Purvigeet 2026 | Purvi Geet Rani Thakur Songs 2026

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पूर्वी छपरहिया - लहरा लगा के । गीतकार - जितेन्द्र नाथ सिंह 'जीत' | गायक - दुर्गेश उपाध्याय #भोजपुरी

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#video आज वाली रतिया जियान करबा का ए राजा #रुचि_यादव सुनकर हुई हरान #रवीना_रंजन की गायिकी देखकर#2026

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जतसार - भोजपुरी पारंपरिक | दुर्गेश कुमार उपाध्याय

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पहली बार दो इलाहाबादी बिरहा सम्राट एक साथ आमने सामने कोई किसी से कम नहीं#TRIBHUWAN NATH /SURAJ YADAV

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#video O Raja Payal Utar Da Aawaj #Sudhir_Lal_Yadav was calling out for taking off his anklets bu...

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सोहर - चईत मासे नवमी के दिनवाँ | श्री जितेंद्र नाथ सिंह ' जीत' | दुर्गेश उपाध्याय

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काहें किरिया धरावेल तूँ (भोजपुरी लोकगीत)

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#bhojpuri #paramparik रउवा हंस दीं त भोर हो जाई, सगरों अंगना अंजोर हो जाई | दुर्गेश उपाध्याय

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#bhajan फिर कौन बिगाड़ेगा जब राम सहारा |स्वर:-राजीव सिंह | #rajiv_singh_bhajan | #rajeev_singh_bhajan

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दादरा - सजन मत जा हो बिदेसवा | जीतेंद्र नाथ सिंह 'जीत' | दुर्गेश कुमार उपाध्याय

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गणेश वंदना |राजीव सिंह का खुबसूरत गणेश भजन |Ganesh ji ka Bhajan |Rajeev Singh ka Bhajan

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Ram Dhun | Raga Multani | Jignesh Tilavat

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