०११८५ मुझे तो बस एक शांति चाहिए ! सच्ची शांति मिले कैसे ? कहाँ से ? क्या शुभाशुभ भाव से मिलेगी ?

BV78/131.3/Bol 347

०११८६  सम्यक् दर्शन के लिए साधक को शुरुआत से लेकर पूर्णता तक  आश्रय किसका ?
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०११८६ सम्यक् दर्शन के लिए साधक को शुरुआत से लेकर पूर्णता तक आश्रय किसका ?

०११३६ पर की विरक्तता,विभाव की तुज्झता लगे और आत्मा प्राप्ति की उत्कंठा जगे  तब अन्दर जाने प्रयास करे
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०११३६ पर की विरक्तता,विभाव की तुज्झता लगे और आत्मा प्राप्ति की उत्कंठा जगे तब अन्दर जाने प्रयास करे

हर पल रखना याद ,कि मैं ज्ञायक हूँ Lyricis - Br.Abhilasha ben,,,
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हर पल रखना याद ,कि मैं ज्ञायक हूँ Lyricis - Br.Abhilasha ben,,,

०१०४७  रुचि अनुयायी वीर्य ! जिसको जिसकी रुचि होती है उसको वो ही वो रुचता है !
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०१०४७ रुचि अनुयायी वीर्य ! जिसको जिसकी रुचि होती है उसको वो ही वो रुचता है !

Mokshmarg Prakashak 02 | 2008 | Pt. Dr. Uttamchand Ji Jain, Seoni
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Mokshmarg Prakashak 02 | 2008 | Pt. Dr. Uttamchand Ji Jain, Seoni

मैं 82 साल का हूँ, मेरी ज़िंदगी की सबसे बड़ी सीख—इग्नोर करना सीखो, दुनिया तुम्हारी कद्र करेगी!
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मैं 82 साल का हूँ, मेरी ज़िंदगी की सबसे बड़ी सीख—इग्नोर करना सीखो, दुनिया तुम्हारी कद्र करेगी!

Pujya Gurudevshri about Nihalchand Ji Sogani - Video 4
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Pujya Gurudevshri about Nihalchand Ji Sogani - Video 4

We Must Stop Those Who Spread Filth!
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We Must Stop Those Who Spread Filth!

०११८४  मोक्षमार्ग का स्वरूप क्या है ? सर्वार्थसिद्धि के देवों की सागरोपम की चर्चा का सार क्या है ?
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०११८४ मोक्षमार्ग का स्वरूप क्या है ? सर्वार्थसिद्धि के देवों की सागरोपम की चर्चा का सार क्या है ?

कार्तिकेयानुप्रेक्षा -गाथा 177-178  गृहस्थ अवस्था में आत्मा तक कैसे पहुँचे?
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कार्तिकेयानुप्रेक्षा -गाथा 177-178 गृहस्थ अवस्था में आत्मा तक कैसे पहुँचे?

०११८१  ध्यान की पर्याय भी तेरे में नहीं फिर अब करना क्या है और किसका करना है ??
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०११८१ ध्यान की पर्याय भी तेरे में नहीं फिर अब करना क्या है और किसका करना है ??

०११८२  सम्यक् दर्शन प्रगट करने से मुक्ति तक की विधि : पुरुषार्थ.. पुरुषार्थ.. पुरुषार्थ..
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०११८२ सम्यक् दर्शन प्रगट करने से मुक्ति तक की विधि : पुरुषार्थ.. पुरुषार्थ.. पुरुषार्थ..

ज्ञानगीत: मैं शुद्ध हूँ... मैं बुद्ध हूँ...। आत्मस्वरूप गीत | ज्ञानमार्ग सेवा। सहज ज्ञान।
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ज्ञानगीत: मैं शुद्ध हूँ... मैं बुद्ध हूँ...। आत्मस्वरूप गीत | ज्ञानमार्ग सेवा। सहज ज्ञान।

#606. दर्शनावरण का बंध आत्मा की अरुचि व अदेखसकाभाव- अष्टान्हिका उतसव/ 22.07 दोपहर / त्यागी विद्यालय
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#606. दर्शनावरण का बंध आत्मा की अरुचि व अदेखसकाभाव- अष्टान्हिका उतसव/ 22.07 दोपहर / त्यागी विद्यालय

०१०३३  आत्मा तो ज्ञाता है । ज्ञाता की ज्ञाताधारा को कोई रोक नहीं सकता !
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०१०३३ आत्मा तो ज्ञाता है । ज्ञाता की ज्ञाताधारा को कोई रोक नहीं सकता !

०५३  ध्याया है निज को ,ध्यायेंगे हर दम अपनी प्रभुता को अब न देखेंगे कम …आध्यात्मिक भक्ति
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०५३ ध्याया है निज को ,ध्यायेंगे हर दम अपनी प्रभुता को अब न देखेंगे कम …आध्यात्मिक भक्ति

481. Samaysar Kalash 153 (ज्ञानी को राग है पर राग की पकड़ नहीं है) 16/7 26
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481. Samaysar Kalash 153 (ज्ञानी को राग है पर राग की पकड़ नहीं है) 16/7 26

Shanka Samadhan 10 | Ashok Nagar, 2008 | Pt. Dr. Uttamchand Ji Jain, Seoni
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Shanka Samadhan 10 | Ashok Nagar, 2008 | Pt. Dr. Uttamchand Ji Jain, Seoni

A Must Watch - The Incredible Power of the Namokar Mantra! Why Namokar Mantra is so powerful!
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A Must Watch - The Incredible Power of the Namokar Mantra! Why Namokar Mantra is so powerful!

    Silence Your Thoughts | Peaceful Sitar Music for Deep Relaxation & Inner Peace
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Silence Your Thoughts | Peaceful Sitar Music for Deep Relaxation & Inner Peace