पं. रामकिंकर जी उपाध्याय : उपासना का स्वरूप (भाग-३) Pt Ramkinkar Ji Upadhyay : Upasna Ka Swaroop-3

"उपासना का स्वरूप" प्रवचनमाला के इस तीसरे और अंतिम क्रम में यह स्पष्ट किया गया है कि जीव ने अपनी सारी ममता अपने शरीर के संबंधों में केंद्रित कर ली है और इस प्रकार वह संसार के नातों और विषयों में ही उलझा है । पर ईश्वर के साथ जो उसका शाश्वत संबंध है, उसे वह मोह और देहाभिमान के वशीभूत होकर भूला हुआ है । इसीलिए जब हम संसार के रिश्ते नातों को महत्व न देकर अकारण कृपा करने वाले उस ईश्वर के साथ अपने सच्चे नाते को अपना लेंगे तभी हमारी उपासना पूरी होगी और हम उसके समीप पहुंच सकेंगे। ईश्वर तो सभी के हृदय में विराजमान है, अतः एक दृष्टि से देखें तो सारे प्राणी एक समान हैं । लेकिन जो सच्ची उपासना करके ईश्वर के समीप पहुंच पाता है, उसे भगवान अपने ह्रदय में स्थान देते हैं । बस यही अंतर है, उपासक और अन्य प्राणियों में । एक और मीठी बात यह है कि उपासना शब्द का सीधा संबंध सगुण उपासना से है । क्योंकि निर्गुण उपासना की परिसमाप्ति तो ईश्वर में ही लीन हो जाने में है और निर्गुण मार्ग की यही मान्यता है कि जीव और ईश्वर में कोई भेद नहीं है । लेकिन सगुण उपासक ईश्वर से सामीप्य तो चाहता है, पर ईश्वर में लीन नहीं होना चाहता। यही उपासना का तात्विक स्वरूप या रहस्य है, यही उपासना का रस है ।

लक्ष्मण चरित्र (भाग-१) मानस प्रवचन, युगतुलसी श्रीरामकिंकरजी महाराज
▶︎

लक्ष्मण चरित्र (भाग-१) मानस प्रवचन, युगतुलसी श्रीरामकिंकरजी महाराज

पं. रामकिंकर जी उपाध्याय : उपासना का स्वरूप (भाग-१) Pt Ramkinkar Ji Upadhyay : Upasna Ka Swaroop-1
▶︎

पं. रामकिंकर जी उपाध्याय : उपासना का स्वरूप (भाग-१) Pt Ramkinkar Ji Upadhyay : Upasna Ka Swaroop-1

प्रयागदास मामाजी की कथा # जो श्रीजानकीजी को अपनी बहिन मानते थे l पूज्य श्रीराजेश्वरानन्द जी महाराज
▶︎

प्रयागदास मामाजी की कथा # जो श्रीजानकीजी को अपनी बहिन मानते थे l पूज्य श्रीराजेश्वरानन्द जी महाराज

रामकथा केवट-प्रसंग (भाग-३) Kevat-Prasang Part-3 युगतुलसी श्रीरामकिंकरजी महाराज
▶︎

रामकथा केवट-प्रसंग (भाग-३) Kevat-Prasang Part-3 युगतुलसी श्रीरामकिंकरजी महाराज

पं.रामकिंकरजी महाराज : प्रवृत्ति और निवृत्ति मार्ग Ramkinkarji Maharaj : Pravritti aur Nivriti Marg
▶︎

पं.रामकिंकरजी महाराज : प्रवृत्ति और निवृत्ति मार्ग Ramkinkarji Maharaj : Pravritti aur Nivriti Marg

पं. रामकिंकर जी उपाध्याय : उपासना का स्वरूप (भाग-२) Pt Ramkinkar Ji Upadhyay : Upasna Ka Swaroop-2
▶︎

पं. रामकिंकर जी उपाध्याय : उपासना का स्वरूप (भाग-२) Pt Ramkinkar Ji Upadhyay : Upasna Ka Swaroop-2

शब्द ही सृष्टि का रूप धारण करता है l
▶︎

शब्द ही सृष्टि का रूप धारण करता है l

श्री राम कथा कोलकाता युग तुलसी पूज्यपाद श्री #रामकिंकर उपाध्याय जी महाराज 1
▶︎

श्री राम कथा कोलकाता युग तुलसी पूज्यपाद श्री #रामकिंकर उपाध्याय जी महाराज 1

॥ रामायण के अंतरंग रहस्य॥  भाग - 4 युगतुलसी  श्रीरामकिंकरजी महाराजके श्रीमुखसे #ram#bhakti#yugtulsi
▶︎

॥ रामायण के अंतरंग रहस्य॥ भाग - 4 युगतुलसी श्रीरामकिंकरजी महाराजके श्रीमुखसे #ram#bhakti#yugtulsi

Mind को Control करने वाली साधना दिनचर्या | Jagadguru Kripalu Ji Maharaj Pravachan
▶︎

Mind को Control करने वाली साधना दिनचर्या | Jagadguru Kripalu Ji Maharaj Pravachan

कथा का महत्त्व क्या है... रामचरितमानस कथा युगतुलसी श्रीरामकिंकरजी महाराज नवधाभक्ति(भाग-५)
▶︎

कथा का महत्त्व क्या है... रामचरितमानस कथा युगतुलसी श्रीरामकिंकरजी महाराज नवधाभक्ति(भाग-५)

शबरी की महिमा रामचरितमानस कथा,नवधाभक्ति (भाग-२)युगतुलसी श्रीरामकिंकरजी महाराज
▶︎

शबरी की महिमा रामचरितमानस कथा,नवधाभक्ति (भाग-२)युगतुलसी श्रीरामकिंकरजी महाराज

नवधाभक्ति (भाग-१) रामचरितमानस कथा युगतुलसी श्रीरामकिंकरजी महाराज
▶︎

नवधाभक्ति (भाग-१) रामचरितमानस कथा युगतुलसी श्रीरामकिंकरजी महाराज

Pandit Ramkinkar Ji Upadhyay Nirgun aur Sagun : Tatva aur Ruchi
▶︎

Pandit Ramkinkar Ji Upadhyay Nirgun aur Sagun : Tatva aur Ruchi

सेवक, स्वामी या सखा? 🤔 शिव जी क्यों सुनते हैं राम कथा? | Shiv Charitra Katha Day 1
▶︎

सेवक, स्वामी या सखा? 🤔 शिव जी क्यों सुनते हैं राम कथा? | Shiv Charitra Katha Day 1

Shri Ramkatha | Kolkata | Vol-3 | Yugtulsi Shri Ramkinker Ji Maharaj
▶︎

Shri Ramkatha | Kolkata | Vol-3 | Yugtulsi Shri Ramkinker Ji Maharaj

नाम रामायण (भाग-१) रामचरितमानस युगतुलसी श्रीरामकिंकरजी महाराज
▶︎

नाम रामायण (भाग-१) रामचरितमानस युगतुलसी श्रीरामकिंकरजी महाराज

संत श्री एकनाथ जी महाराज के जीवन का दिव्य प्रसंग  #shrirajendradasjimaharaj
▶︎

संत श्री एकनाथ जी महाराज के जीवन का दिव्य प्रसंग #shrirajendradasjimaharaj

Ramkinkar Ji Upadhyaya- Satsang Mahima| Ravan kis prakar ka yogi tha? मति कीरति गति भूति भलाई
▶︎

Ramkinkar Ji Upadhyaya- Satsang Mahima| Ravan kis prakar ka yogi tha? मति कीरति गति भूति भलाई

जब पूज्य श्री पहाड़ी बाबा महाराज ने दिखाई अपनी अद्भुत सिद्धियां #rajendradasjimaharaj
▶︎

जब पूज्य श्री पहाड़ी बाबा महाराज ने दिखाई अपनी अद्भुत सिद्धियां #rajendradasjimaharaj